Pulmonology
सीने में या पीठ के ऊपरी हिस्से में होने वाला दर्द अक्सर डरावना होता है क्योंकि लोग तुरंत इसे हार्ट अटैक से जोड़कर देखने लगते हैं। हालांकि, कई बार यह 'फेफड़ों में दर्द' (Lung Pain) हो सकता है। यह जानना बहुत दिलचस्प है कि फेफड़ों (Lungs) के अंदर दर्द महसूस करने वाले कोई रिसेप्टर्स (Pain Receptors) नहीं होते हैं। इसलिए जब आपको "फेफड़ों में दर्द" महसूस होता है, तो वास्तव में वह दर्द फेफड़ों की बाहरी परत (Pleura), श्वास नली, छाती की मांसपेशियों या पसलियों से आ रहा होता है। सही कारण का पता लगाना और समय पर इलाज करवाना बेहद जरूरी है।
"फेफड़ों में दर्द या छाती की जकड़न को नजरअंदाज करना जानलेवा हो सकता है। दर्द के स्वरूप और उसके साथ आ रहे लक्षणों को समझना, सही डायग्नोसिस की ओर पहला कदम है।"
फेफड़ों या उसके आस-पास महसूस होने वाले दर्द के कई मेडिकल कारण हो सकते हैं। कुछ कारण बहुत सामान्य होते हैं (जैसे मांसपेशियों का खिंचाव), जबकि कुछ मेडिकल इमरजेंसी की श्रेणी में आते हैं।
हमारे फेफड़ों और छाती की गुहा (Chest cavity) के बीच एक दो-परत वाली पतली झिल्ली होती है जिसे 'प्लूरा' (Pleura) कहते हैं। जब वायरल या बैक्टीरियल इन्फेक्शन के कारण इस झिल्ली में सूजन आ जाती है, तो इसे प्लूरिसी कहते हैं। जब आप सांस अंदर लेते हैं या खांसते हैं, तो सूजी हुई परतें आपस में रगड़ खाती हैं, जिससे सीने में चुभने वाला बहुत तेज दर्द होता है।
निमोनिया फेफड़ों का एक गंभीर संक्रमण है, जो बैक्टीरिया, वायरस या फंगस के कारण होता है। इसमें फेफड़ों की वायु-थैलियों (Alveoli) में मवाद या तरल पदार्थ भर जाता है। निमोनिया के कारण सीने में गहरा दर्द, तेज बुखार, ठंड लगना, और पीला या हरा बलगम वाली खांसी आती है।
यह एक मेडिकल इमरजेंसी है। इसमें पैरों की नसों में बना खून का थक्का (Blood clot) टूटकर फेफड़ों की किसी धमनी में फंस जाता है, जिससे रक्त का प्रवाह रुक जाता है। इसमें अचानक सीने में तेज दर्द (जो सांस लेने पर बढ़ता है), सांस फूलना, और कभी-कभी खांसी में खून आने की समस्या होती है।
अस्थमा और क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (COPD) में श्वास नलियों में पुरानी सूजन आ जाती है और वे सिकुड़ जाती हैं। हवा के गुजरने में रुकावट के कारण छाती में भारीपन, जकड़न और दर्द महसूस होता है। अक्सर यह घरघराहट (Wheezing) के साथ होता है।
यह तब होता है जब फेफड़े और छाती की दीवार के बीच हवा भर जाती है, जिससे फेफड़ा पिचक (Collapse) जाता है। इसके कारण सीने में एक तरफ अचानक तेज दर्द होता है और मरीज को लगता है कि उसे हवा नहीं मिल पा रही है।
पसलियों को ब्रेस्टबोन (Sternum) से जोड़ने वाले कार्टिलेज (उपास्थि) में सूजन आने को कोस्टोकॉन्ड्राइटिस कहते हैं। यह दर्द बिल्कुल हार्ट अटैक जैसा महसूस होता है और गहरी सांस लेने या उस जगह को दबाने पर बहुत तेज हो जाता है।
कई लोग शिकायत करते हैं कि दर्द किसी एक तरफ नहीं, बल्कि दोनों फेफड़ों के बीच यानी छाती के ठीक बीचोंबीच महसूस होता है। असल में इस जगह फेफड़े नहीं, बल्कि भोजन नली (Esophagus), श्वास नली और हृदय होते हैं, इसलिए बीच के दर्द के आम कारण ये हैं:
गैस या मांसपेशियों का दर्द आमतौर पर खतरनाक नहीं होता, लेकिन छाती के बीच में तेज या बार-बार होने वाले दर्द को बिना जांच नजरअंदाज न करें।
| लक्षण (Symptoms) | फेफड़ों का दर्द (Lung-related) | हृदय का दर्द (Heart-related) |
|---|---|---|
| दर्द की प्रकृति | चुभने वाला या तीखा दर्द जो खांसने या सांस लेने पर बढ़ता है। | छाती पर भारी वजन रखा हो ऐसा दबाव, जकड़न या निचोड़ने जैसा दर्द। |
| दर्द का फैलाव | आमतौर पर सीने के एक हिस्से में या पीठ के ऊपरी हिस्से में सीमित रहता है। | बाएं हाथ, कंधे, जबड़े या पीठ की तरफ फैलता है (Radiating pain)। |
| अन्य लक्षण | खांसी, बलगम, बुखार, सांस लेने पर घरघराहट। | अत्यधिक पसीना आना, घबराहट, मतली (Nausea), चक्कर आना। |
चूंकि सीने का दर्द जानलेवा भी हो सकता है, इसलिए डॉक्टर सटीक कारण जानने के लिए कुछ महत्वपूर्ण टेस्ट करवाते हैं:
फेफड़ों की क्षमता बढ़ाने और उन्हें संक्रमण से बचाने के लिए अपनी जीवनशैली में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव करना आवश्यक है:
अगर आपको सीने में अचानक बहुत तेज दर्द हो जो आराम करने से ठीक न हो, अचानक सांस फूलने लगे, खांसते समय बलगम में खून आए (Hemoptysis), दिल की धड़कन अत्यधिक तेज हो जाए, या होंठ और नाखून नीले पड़ने लगें, तो 108 पर कॉल करें या तुरंत इमरजेंसी वार्ड पहुंचें। यह पल्मोनरी एम्बोलिज्म या हार्ट अटैक हो सकता है।
फेफड़ों या सीने में दर्द एक ऐसा लक्षण है जिसका खुद घर पर अनुमान लगाना खतरनाक हो सकता है। छोटी सी लगने वाली समस्या जैसे पसलियों का दर्द हो या फिर निमोनिया और ब्लड क्लॉट जैसी गंभीर बीमारी, सही डायग्नोसिस ही इलाज की कुंजी है।
संकल्प हॉस्पिटल (अंबिकापुर) का पल्मोनोलॉजी (श्वसन रोग) और क्रिटिकल केयर विभाग 24/7 किसी भी प्रकार की श्वास संबंधी इमरजेंसी से निपटने के लिए तैयार है। यदि आपको सांस लेने में तकलीफ या सीने में दर्द की शिकायत है, तो हमारे विशेषज्ञ डॉक्टरों से तुरंत परामर्श लें।